गोड्डा : सरकार एक तरफ बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ का नारा दे रही है तो
दूसरी तरफ बेटियों को पढ़ाने के लिए शिक्षकों की भारी कमी है। कुल तीन
शिक्षक-शिक्षिकाएं पांच सौ छात्राओं को पढ़ा रहे हैं। पढ़ाई की गुणवत्ता
क्या होगी इसका आप सहज ही अंदाजा लगा सकते हैं।
हम बात कर रहे हैं बनारसी
देवी प्रोजेक्ट कन्या उच्च विद्यालय महागामा की। जिले का यह इकलौता
हाईस्कूल है जहां एक भी नियमित शिक्षक नहीं है। एक शिक्षिका व दो शिक्षक
यहां कार्यरत हैं लेकिन तीनों प्रतिनियुक्ति पर हैं। वर्षों से यह परंपरा
चली आ रही है। स्कूल में शिक्षकों की पदस्थापना की दिशा में आज तक कोई पहल
नहीं की गई। इस स्कूल में कक्षा नौ व दस की पढ़ाई होती है। दोनों वर्गों
में तीन-तीन सेक्शन हैं। सभी छात्राएं कुल छह कमरों में बैठती हैं।
शिक्षकों की कमी का प्रभाव पठन-पाठन पर पड़ रहा है। क्या है मामला :
छात्राओं को शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए 1981 में इस विद्यालय की स्थापना
की गई थी। काफी दिनों तक यह वित्तरहित रहा। बाद में इसे वित्त सहित किया
गया। प्रारंभ में यह ठीक-ठाक चला लेकिन एक-एक कर यहां तैनात शिक्षक अवकाश
ग्रहण करते चले गए। तीन साल पूर्व यहां प्रभारी प्रधानाध्यापक के तौर पर
कार्यरत विजय कुमार ¨सह भी रिटायर हो गए। इसके बाद स्कूल पूर्णत: खाली हो
गया। बाद में जयनारायण हाईस्कूल से मधुलिका मेहता को यहां प्रतिनियुक्त
किया गया। काफी दिनों तक उन्होंने अकेले स्कूल का संचालन किया। बाद में
उत्क्रमित विद्यालय परसपानी व उत्क्रमित मध्य विद्यालय गोसीचक से एक-एक
शिक्षक को प्रतिनियुक्त किया गया। प्रभारी प्राचार्या मधुलिका मेहता के
अनुरोध पर आसपास के स्कूलों के शिक्षक कभी-कभी कक्षा लेते हैं। महागामा
बाजार में होने की वजह से इस स्कूल में छात्राओं की संख्या काफी अधिक है
लेकिन शिक्षकों की कमी के चलते यहां सभी विषयों की पढ़ाई नहीं हो पाती है।
गणित व साइंस पढ़ाने वाला कोई भी शिक्षक इस स्कूल में नहीं है। प्रशासन का
ध्यान नहीं : स्कूलों में भवनों का निर्माण हो रहा है। करीब डेढ़ साल पूर्व
तत्कालीन बीडीओ उदय कुमार की पहल पर स्कूल में शौचालय का निर्माण कराया
गया। इसीएल ने स्कूल में लगाने के लिए पंखा उपलब्ध कराए। स्थानीय विधायक
अशोक कुमार ने एक कार्यक्रम के दौरान भवन निर्माण कराने की घोषणा की थी
लेकिन यहां से जाने के बाद शायद वे अपनी घोषणा भूल गए।
-----------------
वर्जन :
मामला संज्ञान में है लेकिन जिले में शिक्षकों की भारी कमी है। इस वजह
से ऐसी स्थिति उत्पन्न हुई है। जब तक नए शिक्षकों की बहाली नहीं होती है तब
तक इस समस्या का समाधान संभव नहीं है।
एसडी तिग्गा, जिला शिक्षा पदाधिकारी, गोड्डा
jharkhand teacher vacancy latest news jharkhand teacher vacancy 2021 jharkhand teacher news today jharkhand teacher vacancy news jharkhand teacher salary upcoming teacher vacancy in jharkhand 2020 jharkhand teacher recruitment primary teacher vacancy in jharkhand government
Important Posts
Advertisement
UPTET news
';
(function() {
var dsq = document.createElement('script'); dsq.type = 'text/javascript'; dsq.async = true;
dsq.src = '//' + disqus_shortname + '.disqus.com/embed.js';
(document.getElementsByTagName('head')[0] || document.getElementsByTagName('body')[0]).appendChild(dsq);
})();