खूंटी : स्थानीय कन्या विद्यालय में मंगलवार को एसडीएम प्रणव कुमार पाल,
जिला शिक्षक अधीक्षक सुरेशचंद्र घोष की अध्यक्षता में पारा शिक्षकों का
युक्तीकरण किया गया। प्रोजेक्टर के माध्यम से उन्हें स्कूल की जानकारी दी
गई। इसमें 82 शिक्षकों का पदस्थापन किया गया।
वहीं, युक्तीकरण में हो रही
धांधली के विरोध में पारा शिक्षकों ने विद्यालय के बाहर प्रदर्शन किया।
एकीकृत पारा शिक्षक संघर्ष मोर्चा के जिलाध्यक्ष दयाल कंडीर ने कहा कि पारा
शिक्षक कम वेतन पर काम कर रहे हैं। उसपर से उनका पदस्थापना सुदूरवर्ती
गांव-देहातों में किया जा रहा है। महिलाओं को भी गांव-देहात में पदस्थापन
किया जा रहा है। कहा कि महिलाओं को नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के स्कूलों
में नहीं देना चाहिए। अल्प मानदेय में बहुत दूरी पर स्कूल में पदस्थापन
किया जा रहा है। इस स्थिति में पारा शिक्षक कैसे जाएंगे। आए दिन पारा
शिक्षकों पर नक्सली हमले हो रहे हैं, इसलिए पारा शिक्षकों को जिला मुख्यालय
में पदस्थापित किया जाना चाहिए। शिक्षा विभाग अविलंब पारा शिक्षकों का
युक्तीकरण बंद करे, नहीं तो पारा शिक्षक आंदोलन करेंगे। इस संबंध में जिला
शिक्षा अधीक्षक सुरेशचंद्र घोष ने कहा कि युक्तीकरण प्रक्रिया में पूरी तरह
से पारर्दशिता बरती गई है। कहीं से कोई धांधली नहीं हुई है। पारा शिक्षकों
का आरोप गलत है। आंदोलन कर रहे पारा शिक्षकों में नेली लुकस, रितु प्रीति
धान, महादेव मुंडा सहित कई पारा शिक्षक थे।