Important Posts

Advertisement

437 शिक्षकों के पदस्थापन पर लगी मुहर, 9 का निलंबन वापस

छात्र संख्या के अनुसार रेशनेलाइजेशन के तहत 437 शिक्षकों के पदस्थापन पर मुहर लगाई गई। इनमें 236 सरकारी और 201 पारा शिक्षक हैं। 9 शिक्षक-शिक्षिकाओं का निलंबन वापस लिया गया।
मंगलवार को समाहरणालय में उपायुक्त ए दोड्डे की अध्यक्षता में जिला शिक्षा स्थापना समिति की बैठक हुई। बैठक में इसपर निर्णय लिया गया। उपायुक्त ने केसी बालिका मध्य विद्यालय, झरिया की पूर्व प्रभारी प्रधानाध्यापिका सीमा सरकार को अनिवार्य सेवानिवृत्ति देने का आदेश दिया। इन पर भवन निर्माण के लिए स्कूल को मिले लगभग 7 लाख रुपये गबन के साथ स्कूल के बैंक खाते में जमा राशि का ब्याज भी निकाल लेने का आरोप है, जिसकी वसूली होनी है। इस दौरान कहा गया कि पारा शिक्षकों के पदस्थापन को लेकर प्रखंड शिक्षा समिति जरूरत के अनुसार आंशिक रूप से संशोधन कर सकती है। संशोधन के बाद रिपोर्ट डीएसई कार्यालय को भेजना अनिवार्य होगा। इसके लिए समिति को स्कूल वार रिक्ति भी भेजी जाएगी। इस मौके पर डीएसई विनीत कुमार, जिला कल्याण पदाधिकारी पूनम कच्छप, एसएसए के एडीपीओ विजय कुमार, एपीओ प्रदीप रवानी आदि मौजूद थे।

रेशनेलाइजेशन के खिलाफ अनशन करेंगे पारा शिक्षक

धनबाद | झारखंड प्रदेश एकीकृत पारा शिक्षक संघर्ष मोर्चा ने त्रुटियों को दूर किए बिना शिक्षकों का रेशनेलाइजेशन करने के विरोध में शिक्षक दिवस पर अनशन करने की घोषणा की है। जिला सचिव शेख सिद्दीक ने बताया कि रेशनेलाइजेशन में विभिन्न त्रुटियों की शिकायत को दरकिनार कर दिया गया। पारा शिक्षकों को पंचायत से 15 से 20 किलोमीटर दूर भेजा जा रहा है, जो पारा शिक्षकों के साथ अन्याय है। जब राज्य सरकार ने गाइडलाइन में पारा शिक्षकों को पंचायत से बाहर स्थानांतरण होने पर 5 किलोमीटर के दायरे में रखने की बात कही थी तो 20 किलोमीटर तक क्यों भेजा जा रहा है। इसके विरोध में 5 सितंबर को रणधीर वर्मा चौक पर अनशन किया जाएगा। अल्प मानदेय में काम करने वाले पारा शिक्षक प्रतिदिन आने-जाने में 100 रुपए खर्च नहीं कर पाएंगे।

UPTET news

Photography