जमशेदपुर
ट्राइबल कल्चरल सोसायटी और गुरु गोमके पंडित रघुनाथ मुर्मू अकादमी, दिशोम
जाहेर करनडीह के संयुक्त तत्वावधान में टीसीसी सोनारी में चल रहे चार
दिवसीय ओल चिकी शिक्षक प्रशिक्षण शिविर का
समापन हो गया। कार्यशाला के
अंतिम दिन रवींद्र मुर्मू ने संताली साहित्य का इतिहास, बाबूराम सोरेन ने
संताली शब्द संरचना में ओल चिकी के ‘ जापा: चिकी’ (संयुक्त लिपि) के संबंध
में जानकारी दी। बुढान माझी ने संताली गणित में इकाई, दहाई, सैकड़ा के बारे
में बताया। प्रो. लखाई बास्के ने संताली व्याकरण की जानकारी दी। जोबा
मुर्मू ने संताली समाज की संस्कृति का वर्णन किया। शिविर में 56 शिक्षकों
ने हिस्सा लिया।