जिला शिक्षा स्थापना समिति की बैठक में लिए गए निर्णय के आलोक में
सेवानिवृत एवं अन्य कारणों से स्थानांतरित किए गए शिक्षकों के स्थानांतरण
को निरस्त कर दिया गया है। वहीं विसंगतियों को दूर करते हुए बुधवार को पुन:
17 शिक्षकों का स्थानांतरण कर दिया गया है। इसके पूर्व भी कई शिक्षकों का
स्थानांतरण किया गया था जिसमें सेवानिवृत्त और दिव्यांग शिक्षकों का नाम
शामिल था। लेकिन बाद में उक्त नाम को हटाकर दुबारा सूची जारी कर दिया गया
है।
बताया गया है कि कांति कुमारी देवी का मूल विद्यालय कमवि मिहिजाम का
स्थानांतरण विद्यालय उमवि मोहलीडीह, विष्णु प्रिया मजुमदार मवि अम्बा का
स्थानांतरित विद्यालय उमवि शंकरपुर, चिंतामणि मुर्मू उउवि बामनडीहा का
स्थानांतरण उमवि दिनारी, कल्पना मित्रा चार मवि चिचुडबीला का स्थानांतरण
निश्चिंतपुर, रोसन्ना सोरेन मवि टेशजोड़िया का स्थानांतरण मवि सीतामुड़ी,
गोरांग रूज मवि फतेहपुर का स्थानांतरण उउवि बामनडीहा, प्रभात कुमार माजी
उमवि मंगराडीह का स्थानांतरण प्रावि सोनचोरा, योगेंद्र कुमार उउवि देवजोड़ा
का स्थानांतरण मवि चंद्रदीपा, साफिया खातून उमवि चंदाडीह लखनपुर का
स्थानांतरण प्रावि कुर्मीपाड़ा, मंजु कुमारी शाह प्रावि महाटांड़ का
स्थानांतरण उमवि हलुदकनाली, अर्चना घोष मवि नाला का स्थानांतरण, मवि
दक्षिणबहाल, अंजलिना तिर्की कमवि नारायणपुर का स्थानांतरण प्रावि महाटांड़,
दीप्ति साधु मवि नाला का स्थानांतरण कन्या मवि नाला, वीणा पानी मंडल प्रावि
नयापाड़ा का स्थानांतरण उमवि तुड़का, बाल्मीकि कुमार उमवि लोहरंगी का
स्थानांतरण उमवि चंदाडीह लखनपुर, प्रदीप कुमार माजी मवि विक्रमपुर का
स्थानांतरण मवि चंद्रदीपा, रेणुका चक्रवर्ती उमवि लोकनियां का स्थानांतरण
उमवि दुलाडीह। इन स्थानांतरित शिक्षक को विरमन एवं योगदान समय सीमा के अंदर
कराकर प्रतिवेदन जमा करने का आदेश जिला शिक्षा अधीक्षक द्वारा जारी किया
गया है।
डीसी ने नारायणपुर व करमाटांड़ के स्कूलों का निरीक्षण कर जाना शिक्षकों की कमी का हाल
सड़क जाम करने पर शिक्षकों को लगायी फटकार, करमाटांड़ में खेलते मिले बच्चे
भास्कर न्यूज। मुरलीपहाड़ी/करमाटांड़
उपायुक्त आदित्य कुमार आनंद ने बुधवार को जिले के करमाटांड़ और
नारायणपुर प्रखंड के विभिन्न विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया। यह निरीक्षण
गत 13 जुलाई को चैनपुर विद्यालय के बच्चों द्वारा स्कूल में शिक्षक की
मांग लेकर गोविन्दपुर साहेबगंज मुख्य सड़क को जाम किए जाने के बाद किया गया।
छात्रों के प्रदर्शन के मामला को उपायुक्त के संज्ञान में लाया गया था।
इसी को लेकर उपायुक्त आदित्य कुमार आनंद ने उक्त विद्यालय का औचक निरीक्षण
किया।
प्रोजेक्ट चैनपुर विद्यालय पहुंचकर डीसी सबसे पहले कक्षा में पहुंचे और
अध्ययनरत छात्रों से गत दिनों किए गए सड़क जाम करने की वजह पूछा। बच्चों ने
कहा कि चैनपुर प्रोजेक्ट विद्यालय को हाईस्कूल में अपग्रेड करने के एक साल
बाद भी बेहतर शिक्षा के लिए शिक्षक नहीं दिया गया। जबकि यहां 650 छात्र
शिक्षा ग्रहण करने दूर दराज से आते है।
जिस कारण पढ़ाई बाधित हो रही है। डीसी ने कहा कि शिक्षक की समस्या को
लेकर छात्रों का सड़क पर उतरना सही नहीं है। उपायुक्त ने छात्रों से कहा कि
प्लस टू के लिए अतिरिक्त शिक्षक की कमी शीघ्र दूर की जाएगी। इसके तुरंत
बाद उपायुक्त कैंपस में ही संचालित चैनपुर बेसिक विद्यालय पहुंचकर वहां के
सभी वर्गों में संचालित क्लास का निरीक्षण किया। विद्यालय के शिक्षक से
वर्ग कक्ष में बिजली वायरिंग तथा पंखा लगाने का निर्देश दिया गया। साथ ही
सड़क जाम करने को लेकर शिक्षकों को खरी-खोटी सुनयी और जमकर फटकार लगायी।
उपायुक्त के औचक निरीक्षण के समय प्रोजेक्ट चैनपुर विद्यालय के
प्रधानाध्यापक विरेंद्र कुमार वर्मा विद्यालय के काम से डीओ ऑफिस गए हुए
थे। वहीं प्रोजेक्ट चैनपुर में प्रतिनियुक्त दो शिक्षक क्रमशः मनीष कुमार
एवं समीर कुमार तथा लेखापाल रघुनाथ चौबे उपायुक्त के समक्ष सारी बातों की
जानकारी देते रहे। इसी क्रम में उपायुक्त ने उत्क्रमित प्राथमिक विद्यालय
चिरूडीह का भी निरीक्षण कर डाला। यहां उन्होंने 125 विद्यार्थी पर मात्र एक
शिक्षिका होने की बात को जानकर सचिव नाजरा खातून से अतिरिक्त शिक्षक देने
की बात कही। मौके पर चैनपुर बेसिक के शिक्षक हरि पोद्दार, जब्बार अंसारी,
विरेन्द्र कुमार आदि उपस्थित थे।
शिक्षक की कमी के खिलाफ छात्रों ने किया था सड़क जाम
ज्ञात रहे कि चैनपुर प्रोजेक्ट विद्यालय के छात्र एवं छात्राओं ने
जहां 13 जुलाई को शिक्षक की मांग को लेकर हाईवे जाम किया था। वहीं गत 21
जुलाई को मुरलीपहाड़ी हाईस्कूल के छात्र एवं छात्राओं ने शिक्षक की कमी को
लेकर गिरिडीह जामताड़ा मुख्य सङक को तीन घंटे तक जाम कर दिया था। बीईईओ के
आश्वासन के बाद यह जाम हटाया गया था।
करमाटाड़ स्कूल में शिक्षक से पूछताछ करते डीसी।