विधानसभा मैदान में झारखंड के अलग-अलग जिलों से जुटे पारा शिक्षकों और शिक्षा मित्रों ने कहा कि यदि सरकार उनकी मांगें नहीं मानेगी, तो पारा शिक्षक आगामी विधानसभा और लोकसभा के चुनावों में विधायकों और सांसदों को सबक सिखायेंगे।
अपने तय कार्यक्रम के अनुसार, करीब 10 हजार से अधिक पारा शिक्षकों की भीड़ नीरा यादव के आवास की ओर बढ़ने लगी, तो पुलिस और प्रशासन ने बैरिकेडिंग कर इन्हें रोक लिया। पारा शिक्षकों की भीड़ को विधानसभा मैदान में शिफ्ट कर दिया गया है, ताकि रोड जाम न हो। पारा शिक्षक संघर्ष समिति ने दावा किया कि कोडरमा, हजारीबाग, बोकारो, धनबाद और गिरिडीह से आने वाली कम से कम 20 गाड़ियों को ओरमांझी से आगे नहीं बढ़ने दिया गया। उन्होंने बताया कि इन जगहों से 26 गाड़ियां चली थीं, जिसमें सिर्फ 6 गाड़ियां ही रांची पहुंच पायीं।