छतरपुर | एकीकृत पारा शिक्षक संघर्ष मोर्चा के छतरपुर प्रखंड इकाई के
तत्वावधान में पारा शिक्षकों ने मुख्यमंत्री के नाम बीडीओ को पांच सूत्री
मांग पत्र सौंपा।
इसमें कहा गया है कि वर्ष 2002 में 6 से 14 वर्ष के
बच्चों की उपलब्धता व निकटतम विद्यालय की एक किलोमीटर की दूरी को आधार बना
कर विद्यालय की स्थापना की गई थी। इससे राज्य में साक्षरता दर में वृद्धि
हुई और छीजन दर में कमी आई थी। वर्तमान में विद्यालय विलयन प्रक्रिया अपनाई
जा रही है। इसमें कई खामियां भी हैं। मांग पत्र के माध्यम से विद्यालय
विलयन प्रक्रिया पर रोक लगाने, समान कार्य के लिए समान वेतन देने, पारा
शिक्षक कल्याण कोष का गठन करने, टेट उत्तीर्ण पारा शिक्षकों को वरीयता के
आधार पर बहाल करने व डीएलएड प्रशिक्षण के लिए पारा शिक्षकों से ली गई राशि
वापस करने की मांग की गई है। मौके पर राजेश मिश्रा, प्रदीप कुमार पाठक,
सुनील कुमार यादव, रघु रविदास आदि कई पारा शिक्षक मौजूद थे।