जमशेदपुर: झारखंड एकेडमिक काउंसिल की अोर से ली गयी मैट्रिक की
परीक्षा में पूर्वी सिंहभूम जिले के 73.05 प्रतिशत बच्चे पास हुए. वहीं
रिजल्ट में अौर सुधार हो सकता था, अगर हाइ स्कूल में बच्चों को पढ़ाने के
लिए शिक्षक होते. इससे संबंधित खबर को प्रभात खबर ने पांच जुलाई को
प्रमुखता के साथ प्रकाशित की थी, जिसमें बताया गया था कि जिले के कुल 63
अपग्रेडेड हाइ स्कूल में पढ़ने वाले 5260 बच्चों को पढ़ाने के लिए एक भी
शिक्षक नहीं है.
इस खबर के बाद जिला प्रशासन ने हाइ स्कूलों में शिक्षकों की कमी को दूर करने के लिए फिलहाल अस्थायी स्तर पर व्यवस्था की है. तैयारी की गयी है कि जिले के मध्य विद्यालय के ऐसे शिक्षक, जो उच्च योग्यताधारी हैं व उनके पास हाइस्कूल में बच्चों को पढ़ाने के लिए पर्याप्त जानकारी है, तो इस तरह के शिक्षकों को हाइ स्कूल में प्रतिनियोजित किया जायेगा.
इस खबर के बाद जिला प्रशासन ने हाइ स्कूलों में शिक्षकों की कमी को दूर करने के लिए फिलहाल अस्थायी स्तर पर व्यवस्था की है. तैयारी की गयी है कि जिले के मध्य विद्यालय के ऐसे शिक्षक, जो उच्च योग्यताधारी हैं व उनके पास हाइस्कूल में बच्चों को पढ़ाने के लिए पर्याप्त जानकारी है, तो इस तरह के शिक्षकों को हाइ स्कूल में प्रतिनियोजित किया जायेगा.
इसके लिए जिला शिक्षा अधीक्षक बांके बिहारी सिंह द्वारा कुल 400
शिक्षकों की सूची तैयार की गयी है, जो फिलहाल प्राथमिक या मध्य विद्यालय
में पदस्थापित हैं. इस तरह के शिक्षकों को उन हाइ स्कूलों में पदस्थापित
किया जायेगा, जहां शिक्षक नहीं हैं. किस स्कूल में किस शिक्षक को पदस्थापित
किया जायेगा, इस सूची को तैयार करने के बाद उपायुक्त अमित कुमार के पास
उसके अनुमोदन के लिए भेजा जायेगा. अंतिम रूप से उपायुक्त अमित कुमार द्वारा
सूची को फाइनल किया जायेगा.
बीएड के प्रशिक्षु से भी पूरी की जा रही है कमी. जिला शिक्षा
पदाधिकारी राज कुमार सिंंह द्वारा प्रयास किया जा रहा है कि जिले के हाइ
स्कूल में जब तक शिक्षकों की बहाली नहीं हो जाती है, उससे पूर्व अस्थायी
रूप से बच्चों को सुचारु रूप से पठन-पाठन का कार्य कराया जाये. इसके लिए
जिले के 10 बीएड कॉलेज में पढ़ाई करने वाले विद्यार्थियों से हाइ स्कूल में
पढ़वाने की तैयारी की जा रही है.
शिक्षकों की कमी को दूर करने का प्रयास किया जा रहा है. बच्चों की
पढ़ाई बाधित ना हो, इसके लिए मध्य विद्यालय के उच्च योग्यताधारी शिक्षकों
की सूची बनायी गयी है. साथ ही बीएड के प्रशिक्षुयों से भी क्लास करवायी
जायेगी.
राज कुमार प्रसाद सिंह, डीइअो, पूर्वी सिंहभूम