Important Posts

Advertisement

पारा शिक्षकों की हड़ताल से पढ़ाई ठप : कहां कितने पारा शिक्षक हड़ताल पर

गढ़वा में पारा शिक्षक, बीआरपी-सीआरपी, झारखंड परियोजनाकर्मी और कस्तूरबा विद्यालयों के शिक्षकों के हड़ताल पर जाने से शिक्षा व्यवस्था चरमरा गई है। उधर प्रशासन ने दावा किया है कि उनकी हड़ताल से शिक्षा पर कोई असर नहीं पड़ा है। हालांकि हड़ताल के कारण जिले के 14 कस्तूरबा विद्यालयों में ताला लटक गया है।

वहीं पारा शिक्षकों के भरोसे चल रहे नवप्राथमिक विद्यालय भी बंद पड़े हैं। जिले में 14 सितंबर से 55 परियोजनाकर्मी, 19 सितंबर से 3600 में 1690 पारा शिक्षक और 99 सीआरपी-बीआरपी हड़ताल पर हैं। 12 अक्तूबर से कस्तूरबा विद्यालय के शिक्षक और कर्मी भी अपनी मांग के लिए हड़ताल पर चले गए। इससे विद्यालयों में पठन-पाठन बंद हो गया है। उधर कस्तूरबा विद्यालयों में दशहरा की छुट्टी खत्म होने के बाद छात्राएं जब विद्यालय पहुंची, तो स्कूल में ताला लटका देख घर लौट गईं।
नहीं हुई शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति
कई नव प्राथमिक विद्यालयों में अभी तक शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति नहीं होने के कारण बंद पड़े हैं। मसलन चिनिया प्रखंड के 37 विद्यालयों में 25 में शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति का दावा किया गया है। उसके बाद भी आधा दर्जन से अधिक विद्यालयों में प्रतिनियुक्त शिक्षक विद्यालय नहीं पहुंच रहे हैं। उनमें चिनिया के भुइयां टोला, मलबहरी नवप्राथमिक विद्यालय, प्राथमिक विद्यालय अकेलवा, मध्य विद्यालय तुरी मुंडा, बगैर शिक्षक के विद्यालय फुलहारा, करकी, बघमरी, पालामाटी सहित एक दर्जन विद्यालय शामिल हैं। उधर बीइइओ शशिकांत पाठक ने बताया कि प्रतिनियुक्त शिक्षक विद्यालय नहीं जा रहे तो जांच कर कार्रवाई होगी। उधर डीएसई बृ जमोहन कुमार ने कहा कि हड़ताली पारा शिक्षक 22 अक्टूबर तक काम पर नहीं लौटे तो उन्हें बर्खास्त कर नए पारा पारा शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी।
कहां कितने पारा शिक्षक हड़ताल पर
नगर ऊंटारी में 130, रमना में 128, विशुनपुरा 45, खरौंधी 151, गढ़वा दो, मेराल 40, डंडइ 132, चिनिया 132, मझिआंव 52, बरडीहा 15, धुरकी 178, सगमा 86, कांडी 163, रमकंडा 15, रंका 36, भंडरिया 37 भवनाथपुर 208 और केतार प्रखंड के 142 पारा शिक्षक हड़ताल पर हैं।  

UPTET news

Photography