मुख्य सचिव सुधीर त्रिपाठी ने कहा कि प्राथमिक विद्यालयों के शिक्षकों की
मांगों पर सरकार सकारात्मक ढंग से विचार करेगी। शिक्षकों की जो भी नियम
संगत मांग होगी, उसे एक समय सीमा के भीतर पूरा किया जाएगा।
मुख्य सचिव
शुक्रवार को अखिल भारतीय प्राथमिक विद्यालय शिक्षक संघ, झारखंड प्रदेश के
प्रतिनिधियों से बातचीत कर रहे थे। संघ की ओर से उन्हें 13 सूत्री मांग
पत्र भी सौंपा गया। सीएस ने शिक्षक प्रतिनिधियों से यह भी कहा कि वे झारखंड
को शिक्षा के क्षेत्र में मॉडल राज्य बनाने में पूरी ऊर्जा के साथ जुटें।
चुनौतियों को अवसर के रूप में लें। मुख्य सचिव ने प्रोजेक्ट भवन में
शिक्षकों की मांगों के संदर्भ में आयोजित बैठक में कहा कि शिक्षक हमारी
व्यवस्था की रीढ़ हैं। उनके कंधों पर महती जिम्मेदारी है। उनकी जो भी जायज
मांगें हैं उसे अंतर विभागीय समन्वय से यथाशीघ्र पूरी करने का प्रयास होगा।
विद्यालयों के मर्जर और रेसलराइजेशन में कतिपय त्रुटियों को दूर करने का
आश्वासन संघ के सदस्यों को दिया। स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के
प्रधान सचिव अमरेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि कॉमर्स योग्यताधारी शिक्षकों
को प्रोन्नति दी जाएगी। संघ की मांग के आलोक में कहा कि स्थानांतरण
नियमावली बन रही है। मौके पर प्रदेश अध्यक्ष विजेंद्र चौबे, सुनील ठाकुर,
राममूर्ति ठाकुर, नसीम अहमद, संतोष कुमार, संगठन महामंत्री असदुल्ला सहित
कई नेता शामिल थे।